जबलपुर। सिहोरा को अलग जिला बनाने की मांग को लेकर चल रहा आंदोलन अब राजनीतिक संगठनों के कार्यालयों तक पहुंच गया है। लक्ष्य सिहोरा जिला आंदोलन समिति के प्रतिनिधि जबलपुर स्थित भारतीय जनता पार्टी के जिला कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने जिला अध्यक्ष रत्नेश सोनकर से मुलाकात कर सिहोरा को पूर्ण जिले का दर्जा देने की मांग से जुड़ा ज्ञापन सौंपा। समिति के सदस्यों ने इस दौरान विधानसभा चुनाव के समय दिए गए नेताओं के बयानों की रिकॉर्डिंग भी सुनाई।
चुनावी सभाओं के भाषण साउंड बॉक्स पर सुनाए
समिति के सदस्य अपने साथ साउंड बॉक्स लेकर भाजपा कार्यालय पहुंचे थे। कार्यालय में मौजूद पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के बीच उन्होंने 2023 के विधानसभा चुनाव के दौरान सिहोरा को जिला बनाने को लेकर दिए गए नेताओं के भाषणों की ऑडियो रिकॉर्डिंग चलाई।
समिति का कहना है कि चुनाव के दौरान क्षेत्र की जनता को सिहोरा को जिला बनाने का भरोसा दिलाया गया था। इसी बात को याद दिलाने के लिए समिति ने नेताओं के पुराने भाषण सुनाए। समिति के मुताबिक यह प्रदर्शन किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं, बल्कि चुनाव के दौरान किए गए वादों पर ध्यान आकर्षित करने के लिए किया गया।
सिहोरा को पूर्ण जिला बनाने की मांग
समिति ने भाजपा जिला अध्यक्ष को सौंपे ज्ञापन में सिहोरा को पूर्ण जिले का दर्जा देने की मांग रखी। प्रतिनिधिमंडल का कहना है कि सिहोरा क्षेत्र लंबे समय से जिला बनाए जाने की मांग कर रहा है और स्थानीय लोगों की यह मांग लगातार उठती रही है।
समिति के अनुसार सिहोरा को जिला बनाए जाने से क्षेत्र के लोगों को प्रशासनिक कामकाज के लिए जबलपुर आने की जरूरत कम होगी। प्रतिनिधियों ने कहा कि सरकार और संगठन के स्तर पर इस मांग को गंभीरता से लेते हुए आगे की प्रक्रिया शुरू की जानी चाहिए।
राजपत्र जारी होने तक अभियान जारी रखने की बात
समिति ने कहा कि केवल आश्वासन से अब आंदोलन समाप्त नहीं किया जाएगा। सिहोरा को पूर्ण जिला बनाने संबंधी विधिवत राजपत्र अधिसूचना जारी होने तक जनजागरण अभियान जारी रखने की बात कही गई है। समिति आने वाले दिनों में भी इस मांग को लेकर अलग-अलग स्तर पर अपनी बात रखेगी।