जबलपुर। दिल्ली के जंतर-मंतर पर 20 जुलाई को हुए प्रदर्शन के दौरान जबलपुर जिले के पाटन निवासी 25 वर्षीय इरशाद मंसूरी गंभीर रूप से घायल हो गए। प्रदर्शन के दौरान पेलेट गन का एक छर्रा उनकी आंख में जा लगा, जिसके बाद उन्हें दिल्ली के लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने उनकी आंख का ऑपरेशन कर दिया है।
हालांकि, इरशाद की आंख की रोशनी पर कितना असर पड़ा है, यह अभी स्पष्ट नहीं है। डॉक्टरों द्वारा आंख की पट्टी खोले जाने के बाद ही उनकी स्थिति का सही पता चल सकेगा।
पिता दिल्ली पहुंचे, अस्पताल में कर रहे देखभाल
इरशाद के घायल होने की जानकारी मिलते ही उनके पिता तत्काल दिल्ली रवाना हो गए। फिलहाल वह अस्पताल में रहकर बेटे की देखभाल कर रहे हैं। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने भी अस्पताल पहुंचकर इरशाद का हालचाल जाना।
दोस्तों के साथ प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे थे
जानकारी के अनुसार, इरशाद ने इंदौर से एमबीए की पढ़ाई पूरी की है और वर्तमान में दिल्ली की एक निजी कंपनी में नौकरी करते हैं। 20 जुलाई को वह अपने दोस्तों के साथ प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे थे। इसी दौरान उनके चेहरे और आंख पर पेलेट गन के छर्रे लगे, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए।
ऑपरेशन के बाद भी आंख की रोशनी को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं
इरशाद के बड़े भाई शेख मुस्तफा मंसूरी ने बताया कि उन्हें 20 जुलाई की शाम करीब 8 बजे एक दोस्त के माध्यम से घटना की जानकारी मिली थी। इसके बाद उनके पिता तुरंत दिल्ली के लिए रवाना हो गए। उन्होंने बताया कि इरशाद की आंख का ऑपरेशन हो चुका है, लेकिन रोशनी को लेकर स्थिति अभी स्पष्ट नहीं है। पट्टी खुलने के बाद ही डॉक्टर स्थिति के बारे में जानकारी दे सकेंगे।
परिवार ने प्रदर्शन के दौरान घायल हुए सभी लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है। फिलहाल परिवार इरशाद के जल्द स्वस्थ होने और उनकी आंख की रोशनी सुरक्षित रहने की उम्मीद कर रहा है।