जबलपुर। रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर नन्हीं स्कूल की छात्राओं ने सैनिक भाइयों की कलाई पर अपने हाथों से तैयार की गई स्वदेशी राखियां बांधी। शास्त्री ब्रिज स्थित सरस्वती शिक्षा परिषद विद्या भारती सरस्वती शिशु मंदिर में आयोजित इस भावुक कार्यक्रम में छात्राओं ने सैनिकों से कहा कि उन्हें पैसे या कोई अन्य उपहार नहीं चाहिए, बल्कि वे देश की सुरक्षा का तोहफा चाहती हैं।
राखी बांधने के दौरान छात्राओं और सैनिकों के बीच भावनात्मक माहौल देखने को मिला। कई सैनिक ऐसे भी थे, जिनकी कलाई पर 5, 10 और 15 साल बाद राखी बंधी। सेना में ड्यूटी और समय पर छुट्टी नहीं मिलने के कारण वे कई वर्षों से रक्षाबंधन पर अपने परिवार के साथ नहीं जा सके थे।
सैनिकों और बहनों की आंखों में आए खुशी के आंसू
कार्यक्रम संयोजक डॉ. सुधीर अग्रवाल ने बताया कि सैनिकों का उत्साह बढ़ाने के लिए हर वर्ष इस तरह का आयोजन किया जाता है। राखी बांधते समय छात्राओं और सैनिकों की आंखों में खुशी के आंसू दिखाई दिए। इस दौरान भारत माता की जय के जयकारों से पूरा परिसर गूंज उठा।
प्रांत संगठन मंत्री अमित दवे ने कहा कि देश के सैनिकों की वजह से हम सभी सुरक्षित हैं। वे सीमाओं की रक्षा करने के साथ ही पूरे देश का मनोबल भी बढ़ाते हैं।
कार्यक्रम में विष्णुकांत ठाकुर, कमलेश अग्रहरि, राजेंद्र मिश्रा, मनीषा ठाकुर, विनीता यादव और शरद अग्रवाल सहित अन्य लोग मौजूद रहे।