जबलपुर। सागर जिले के शाहगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ स्टाफ नर्स दीपशिखा चढ़ार की गोली मारकर हत्या करने वाले आरोपी सुनील चढ़ार को पुलिस ने चार माह बाद गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी घटना के बाद मुंबई और अहमदाबाद में लगातार ठिकाने बदलकर फरारी काट रहा था। मां की तबीयत खराब होने की सूचना मिलने पर जैसे ही वह जबलपुर जिले के पनागर स्थित अपने गांव मुढ़िया पहुंचा, पुलिस ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया।
पुलिस जांच में सामने आया कि पनागर निवासी सुनील चढ़ार दीपशिखा से एकतरफा प्रेम करता था और उससे शादी करना चाहता था। दोनों रिश्तेदार थे, जिसके चलते परिवार इस रिश्ते के लिए तैयार नहीं था। इसी बीच दीपशिखा की शादी दूसरी जगह तय हो गई थी। यह बात पता चलते ही सुनील ने नाराज होकर हत्या की साजिश रच ली।
4 फरवरी की रात दीपशिखा शाहगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अपनी नाइट ड्यूटी के लिए किराए के कमरे से पैदल अस्पताल जा रही थीं। अस्पताल गेट के पास आरोपी ने उन्हें रोक लिया और शादी का दबाव बनाने लगा। विरोध करने पर आरोपी ने कट्टे से तीन गोलियां चलाईं, जिनमें दो गोलियां दीपशिखा की पीठ के पास लगीं। गंभीर चोट लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
मोबाइल का इस्तेमाल नहीं कर रहा था आरोपी
हत्या के बाद आरोपी ने गिरफ्तारी से बचने के लिए मोबाइल फोन का इस्तेमाल बंद कर दिया था। वह लगातार अपनी लोकेशन बदलता रहा और पीथमपुर, मुंबई व अहमदाबाद में अलग-अलग फैक्ट्रियों में काम करता रहा। वर्तमान में वह अहमदाबाद की एक गुटखा फैक्ट्री में काम कर रहा था। पुलिस और साइबर टीम लगातार उसके संभावित ठिकानों की तलाश कर रही थी।
चचेरे भाई ने उपलब्ध कराई थी पिस्टल
जांच में पता चला कि हत्या में इस्तेमाल किया गया हथियार आरोपी के चचेरे भाई सौरभ ने उपलब्ध कराया था। पुलिस ने पिस्टल बरामद कर सौरभ को भी गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपियों को आगे की कार्रवाई के लिए पुलिस सागर लेकर पहुंची।
पूछताछ में कबूला जुर्म
पुलिस पूछताछ में सुनील ने बताया कि वह दीपशिखा से शादी करना चाहता था, लेकिन उसके इनकार और दूसरी जगह शादी तय होने से वह गुस्से में था। इसी वजह से उसने वारदात को अंजाम दिया। फिलहाल पुलिस मामले की विस्तृत जांच में जुटी हुई है।