मध्यप्रदेश - भोपाल में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में प्रदेश के व्यापारियों के हित में बड़ा कदम उठाते हुए राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड की तर्ज पर मप्र व्यापार कल्याण बोर्ड के गठन को मंजूरी दी गई। इस बोर्ड के अध्यक्ष स्वयं मुख्यमंत्री होंगे और इसमें विभिन्न विभागों के साथ अशासकीय सदस्य भी शामिल किए जाएंगे। जिला स्तर पर भी समितियां गठित कर राजनीतिक और सामाजिक प्रतिनिधियों को जोड़ा जाएगा।
कैबिनेट बैठक के बाद मंत्री चेतन कश्यप ने जानकारी देते हुए बताया कि दलहन आत्मनिर्भरता मिशन के लिए 2442 करोड़ रुपये के प्रावधान को मंजूरी दी गई है। इसके अलावा विभिन्न विभागों के लिए 38,555 करोड़ रुपये के विकास कार्यों को भी हरी झंडी दी गई है।
बैठक में भोपाल के पास इलेक्ट्रॉनिक क्लस्टर विकसित करने का निर्णय भी लिया गया। मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में अब तक 41 लाख मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हो चुकी है और किसानों को 6520 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। करीब 14 लाख 70 हजार किसानों ने पंजीयन कराया है।
इसके साथ ही इंदौर में 9 से 13 जून तक कृषि कल्याण वर्ष के अंतर्गत अंतरराष्ट्रीय ब्रिक्स सम्मेलन आयोजित करने की जानकारी दी गई, जिसमें 26 देशों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है।
अन्य प्रमुख फैसले:
ग्रामीण सड़कों और जिला मार्गों के निर्माण व उन्नयन कार्य जारी रखने को मंजूरी
सड़क सुरक्षा योजनाओं को 16वें वित्त आयोग (2026–2031) तक जारी रखने का निर्णय
इस अवधि में सड़क, ग्रामीण मार्ग और शासकीय भवनों के रखरखाव के लिए 32,405 करोड़ रुपये का प्रावधान
स्टेट वाइड एरिया नेटवर्क और आईटी निवेश प्रोत्साहन योजनाओं को जारी रखने का फैसला
प्रदेश में निर्यात बढ़ाने के लिए व्यापारी कल्याण बोर्ड और जिला स्तरीय समितियों के गठन को स्वीकृति
इन फैसलों से प्रदेश में व्यापार, कृषि और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।