जबलपुर। गंजीपुरा क्षेत्र में नगर निगम द्वारा करीब चार महीने पहले 25 लाख रुपये की लागत से तैयार किए गए सुलभ कॉम्प्लेक्स में शनिवार सुबह बड़ा हादसा होते-होते बच गया। अचानक परिसर की पीओपी सीलिंग का एक बड़ा हिस्सा भरभराकर नीचे गिर गया। जिस समय यह घटना हुई, वहां कई लोग मौजूद थे। सीलिंग की चपेट में आने से एक महिला बाल-बाल बच गई। हादसे के बाद परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
गनीमत रही कि घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। स्थानीय लोगों के मुताबिक सीलिंग गिरने के समय महिला उसी स्थान के पास मौजूद थी, लेकिन उसने समय रहते खुद को बचा लिया। लोगों ने बताया कि कॉम्प्लेक्स की दीवारों और लेटर में भी जगह-जगह दरारें दिखाई देने लगी हैं। ऐसे में निर्माण की गुणवत्ता को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।
चार महीने में सामने आई निर्माण की खामी
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस निर्माण को कुछ ही महीने पहले करीब 25 लाख रुपये की लागत से तैयार किया गया था, उसमें इतनी जल्दी इस तरह की खामी सामने आना गंभीर मामला है। उनका कहना है कि यदि सीलिंग का हिस्सा किसी व्यक्ति के ऊपर गिर जाता तो बड़ा हादसा हो सकता था। लोगों ने निर्माण कार्य की तकनीकी जांच कराने और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की है।
नेता प्रतिपक्ष ने लगाए भ्रष्टाचार के आरोप
घटना की जानकारी मिलने के बाद नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष अमरीश मिश्रा मौके पर पहुंचे। उन्होंने सुलभ कॉम्प्लेक्स के निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए नगर निगम प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना था कि उद्घाटन के समय निर्माण कार्य का खूब प्रचार किया गया था, लेकिन महज चार महीने में ही इसकी गुणवत्ता सामने आ गई।
अमरीश मिश्रा ने आरोप लगाया कि नगर निगम में निर्माण कार्यों की गुणवत्ता की पर्याप्त निगरानी नहीं हो रही है। उनका कहना था कि राशि खर्च करने के बावजूद यदि निर्माण मानकों के अनुरूप नहीं किया गया तो यह जनता के पैसे का दुरुपयोग है। उन्होंने पूरे मामले की जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
फिलहाल नगर निगम की ओर से मामले की जांच की बात कही गई है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि सीलिंग गिरने की वजह क्या थी और निर्माण कार्य में किसी तरह की लापरवाही हुई थी या नहीं।