क्रिकेट जगत में नई बहस शुरू हो गई है। World Cricketers' Association (WCA) ने दुनिया की घरेलू टी20 लीगों की रैंकिंग जारी की है, जिसमें Indian Premier League को तीसरे नंबर पर रखा गया है।
इस सूची में इंग्लैंड की The Hundred को पहला और दक्षिण अफ्रीका की SA20 को दूसरा स्थान मिला है। आईपीएल जैसी बड़ी और लोकप्रिय लीग को तीसरे स्थान पर रखने से फैंस और विशेषज्ञों के बीच चर्चा तेज हो गई है।
क्या है WCA?
WCA एक अंतरराष्ट्रीय संगठन है, जो खिलाड़ियों के अधिकार, सुरक्षा और भविष्य से जुड़े मुद्दों पर काम करता है। इसमें दुनिया के कई बड़े क्रिकेटर सदस्य हैं।
रैंकिंग कैसे तय हुई
इस रैंकिंग में खिलाड़ियों की सुविधाएं, अनुबंध की शर्तें, खेलने की आजादी और उनके कल्याण जैसे पहलुओं को ध्यान में रखा गया। WCA का मानना है कि “द हंड्रेड” और “SA20” इन मामलों में बेहतर हैं।
हालांकि, इसमें आईपीएल की कमाई, दर्शकों की संख्या और ग्लोबल लोकप्रियता को ज्यादा महत्व नहीं दिया गया, जिस पर सवाल उठ रहे हैं।
भारतीय खिलाड़ियों की कमी पर सवाल
सबसे बड़ी बात यह है कि WCA में कोई भी भारतीय खिलाड़ी शामिल नहीं है। ऐसे में कई लोग इस रैंकिंग को पूरी तरह संतुलित नहीं मान रहे हैं।
आज के समय में भारत क्रिकेट का सबसे बड़ा केंद्र है और Board of Control for Cricket in India सबसे ताकतवर बोर्ड माना जाता है। ऐसे में भारत की भागीदारी के बिना इस तरह की रैंकिंग पर सवाल उठना स्वाभाविक है।