नई दिल्ली/आइजोल। बी संजय कुमार ने मिजोरम दौरे के दौरान सीमावर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा और विकास को लेकर अहम निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीमा से लगे गांवों में सुरक्षा मजबूत करने के लिए असम राइफल्स, राज्य पुलिस, जिला प्रशासन और ग्राम परिषदों के बीच बेहतर तालमेल बेहद जरूरी है।
मंत्री ने आइजोल स्थित सचिवालय से वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए सियाहा जिले के अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान जिले की कानून-व्यवस्था, विकास कार्यों और सीमा से जुड़ी चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि इलाके में शांति बनी हुई है, लेकिन मादक पदार्थों और हथियारों की तस्करी पर लगातार नजर रखी जा रही है।
बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, अंतरराष्ट्रीय व्यापार और सीमा पार गतिविधियों जैसे मुद्दों पर भी विचार किया गया। मंत्री ने निर्देश दिए कि विकास योजनाओं को तेजी से लागू किया जाए और स्थानीय लोगों के जीवन स्तर में सुधार लाया जाए।
दरअसल, मिजोरम की सीमाएं काफी संवेदनशील मानी जाती हैं। राज्य की करीब 510 किमी लंबी सीमा म्यांमार और 318 किमी सीमा बांग्लादेश से लगती है, जहां कई जगह बाड़ नहीं है। इसी वजह से यहां नशीले पदार्थों, हथियारों और अन्य प्रतिबंधित सामान की तस्करी का खतरा बना रहता है।
अधिकारियों के अनुसार चम्फाई, सियाहा, लॉंग्टलाई, हनथियाल, सैतुअल और सेरछिप जैसे जिलों के जरिए तस्करी की घटनाएं सामने आती रहती हैं, जिससे सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती बनी रहती है। मंत्री ने इन चुनौतियों से निपटने के लिए समन्वय और निगरानी मजबूत करने पर विशेष जोर दिया।