जबलपुर। संभाग के सभी 9 जिलों में रबी विपणन वर्ष 2026-27 के लिए गेहूं उपार्जन की प्रक्रिया 7 अप्रैल से शुरू होगी। संभागीय आयुक्त ने जिला प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि किसानों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने तैयारियां पूरी होने की जानकारी दी है।
2625 रुपए प्रति क्विंटल मिलेगा दाम
इस वर्ष गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 2625 रुपए प्रति क्विंटल तय किया गया है। इसमें केंद्र सरकार के 2585 रुपए के एमएसपी के साथ राज्य सरकार द्वारा दिया जा रहा 40 रुपए प्रति क्विंटल बोनस शामिल है।
9 जिलों में 12.51 लाख किसानों ने कराया पंजीयन
संभाग के जबलपुर, कटनी, सिवनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, मंडला, डिंडौरी, बालाघाट और पांढुर्णा जिलों में कुल 12 लाख 51 हजार 970 किसानों ने पंजीयन कराया है।
सिवनी: 53,288 (सबसे ज्यादा)
कटनी: 52,126
जबलपुर: 49,642
नरसिंहपुर: 38,416
छिंदवाड़ा: 29,163
मंडला: 19,611
डिंडौरी: 4,478
बालाघाट: 4,383
पांढुर्णा: 863
सुबह 8 से रात 8 बजे तक खुलेंगे केंद्र
किसानों की सुविधा के लिए खरीदी केंद्र सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक संचालित होंगे। खास बात यह है कि सरकारी छुट्टियों में भी केंद्र खुले रहेंगे, ताकि किसानों को उपज बेचने में परेशानी न हो। ई-उपार्जन पोर्टल के जरिए किसान स्लॉट बुक कर सकेंगे, जिससे भीड़ कम होगी।
पिछले साल से कम हुआ पंजीयन
पिछले वर्ष 15 लाख 44 हजार किसानों ने पंजीयन कराया था, जबकि इस बार यह संख्या कुछ कम रही है।
सीधे खाते में होगा भुगतान
खरीदी के बाद भुगतान सीधे किसानों के आधार लिंक बैंक खातों में किया जाएगा। प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे अपने बैंक खाते और आधार लिंकिंग की स्थिति जांच लें, ताकि भुगतान में कोई दिक्कत न आए।